शिमला-19 दिसंबर. मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू के “नशा मुक्त हिमाचल” के संकल्प को साकार करने की दिशा में श्रम कल्याण अधिकारी कार्यालय में एक ‘चिट्टा’ विरोधी शपथ समारोह आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम की अध्यक्षता हिमाचल प्रदेश भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड के माननीय अध्यक्ष नरदेव सिंह कंवर ने की।
इस अवसर पर अध्यक्ष नरदेव सिंह कंवर ने अधिकारियों और कर्मचारियों को नशे के विरुद्ध शपथ दिलाई। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के कुशल नेतृत्व में प्रदेश सरकार नशे के व्यापार विशेषकर ‘चिट्टा’ के खिलाफ “जीरो टॉलरेंस” की नीति अपना रही है। नरदेव सिंह कंवर ने कहा कि मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू ने प्रदेश को नशामुक्त करने के लिए जो अभियान छेड़ा है. बोर्ड उसे जन-जन तक पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने श्रम कल्याण अधिकारियों को निर्देश दिए कि इस संदेश को निर्माण श्रमिकों और उनके परिवारों तक ले जाएं, ताकि प्रदेश का मेहनतकश वर्ग इस सामाजिक बुराई से सुरक्षित रह सके। कंवर ने कहा कि श्रमिकों का कल्याण केवल वित्तीय सहायता तक सीमित नहीं है, बल्कि उनके मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य की रक्षा करना भी बोर्ड की प्राथमिकता है। मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू ने हर नागरिक से इस नशे के खिलाफ जंग’ में भागीदार बनने का आह्वान किया है। यह हमारा नैतिक कर्तव्य है कि हम अपने कार्यक्षेत्र और समाज को इस जानलेवा नशे से मुक्त रखें। समारोह के अंत में सभी प्रतिभागियों ने सामूहिक रूप से संकल्प लिया कि वे नशा तस्करी से जुड़ी किसी भी संदिग्ध गतिविधि की रिपोर्ट करेंगे और समाज में नशे के खिलाफ जन-जागरूकता फैलाने में अपना पूर्ण सहयोग देंगे।
